दूर रहकर भी होती है क्या शिकायत मेरी? फिर इतनी क्यों करता था वकालत मेरी? जो शख़्स मेरा बहुत ख़याल रखता था, आज मालूम है क्या उसको तबीअत मेरी? अ...
अंजान लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
अंजान लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
उन्होंने दिया था जो ज़ख्म वो अब बे-निशान है क्या? बताओ इन बे-दिलों में अब भी कोई अरमान है क्या? सीने पर वार किया है पहली मरतबा किसी शख़्स ने, ...
कुछ सुनहरे से दिन है कुछ सुनहरी सी राते, अगर खत्म हो गए हो झगड़े तो करलें थोड़ी सी बातें??? मोहब्बत के ख़्वाब तो ...